Saturday, April 4, 2026
Home उत्तराखण्ड प्रेमचंद अग्रवाल प्रकरण से परेशान भाजपा मदरसों के बहाने कर रही ध्यान...

प्रेमचंद अग्रवाल प्रकरण से परेशान भाजपा मदरसों के बहाने कर रही ध्यान भटकाने की कोशिश

0
3
Surya Kant Dhasmana
Surya Kant Dhasmana

प्रदेश में होली और रमज़ान के दूसरे जुमा पर जनता देगी सौहार्द की मिसाल

देहरादून: उत्तराखंड में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल द्वारा बजट सत्र में किए गए अमर्यादित आचरण के कारण पूरे प्रदेश में भारी आक्रोश व्याप्त है। इस बढ़ते जनाक्रोश से घबराई भाजपा अब जनता का ध्यान भटकाने के लिए सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश कर रही है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने आज अपने कैंप कार्यालय में पत्रकारों से बातचीत के दौरान यह आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा जानबूझकर पवित्र रमज़ान के महीने में मदरसों और मस्जिदों को लेकर एकतरफा अभियान चला रही है, ताकि जनता का ध्यान प्रेमचंद अग्रवाल प्रकरण से हटाया जा सके।

प्रदेश की जनता समझ चुकी है भाजपा की मंशा

श्री धस्माना ने कहा कि देहरादून और पूरे उत्तराखंड की जनता भाजपा के असली इरादों को समझ चुकी है। उन्होंने कहा कि आगामी 14 मार्च को शुक्रवार के दिन प्रदेश की जनता धूमधाम से होली मनाएगी, और मुस्लिम समुदाय शांतिपूर्ण तरीके से रमज़ान के दूसरे जुमा की नमाज अदा करेगा। इससे यह स्पष्ट हो जाएगा कि उत्तराखंड की जनता भाजपा के भड़काऊ एजेंडे को नकार चुकी है और सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल कायम करेगी।

प्रेमचंद अग्रवाल प्रकरण से भाजपा को बड़ा नुकसान

कांग्रेस नेता ने कहा कि भाजपा यह समझ चुकी है कि राज्य के पर्वतीय समाज में प्रेमचंद अग्रवाल के असभ्य व्यवहार और गाली-गलौज से भारी रोष है। जनता इसे लेकर बेहद नाराज है और यह आक्रोश भाजपा को भारी नुकसान पहुंचा सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश भाजपा अध्यक्ष की प्रतिक्रिया और केंद्र सरकार द्वारा गठित मंत्री समूह में प्रेमचंद अग्रवाल को शामिल करना पहाड़ के लोगों के घावों पर नमक छिड़कने जैसा है।

हिंदू-मुस्लिम भेदभाव बढ़ाने की कोशिश

श्री धस्माना ने आरोप लगाया कि भाजपा अब इस जनविरोध को दबाने के लिए हिंदू-मुस्लिम तनाव बढ़ाने की रणनीति अपना रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा के लिए प्रदेश में सांप्रदायिक विभाजन पैदा करना इस संकट से निकलने का सबसे आसान तरीका लग रहा है

त्योहारों को नफरत का हथियार नहीं बनने देंगे

उन्होंने कहा कि होली, दीपावली और ईद सभी प्रेम, सौहार्द और भाईचारे के त्योहार हैं। यह त्योहार आपसी मतभेद दूर करने, कड़वाहट मिटाने और एक-दूसरे को शुभकामनाएं देने के लिए होते हैं। लेकिन सत्ता में बैठे लोग इन त्योहारों को नफरत और हिंसा फैलाने का हथियार बनाना चाहते हैं, जिसे जनता कभी सफल नहीं होने देगी

प्रदेश की जनता से अपील

श्री धस्माना ने उत्तराखंड की जनता से अपील की है कि 14 मार्च को सभी लोग होली पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाएं, और मुस्लिम भाई भी शांतिपूर्ण ढंग से जुमे की नमाज अदा करें। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की जनता भाजपा की विभाजनकारी राजनीति को नकारते हुए प्रेम और भाईचारे की मिसाल पेश करेगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here