प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने फॉरेक्स ट्रेडिंग और मल्टी-लेवल मार्केटिंग (एमएलएम) के नाम पर लोगों को चूना लगाने वाले गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। ईडी ने क्यूएफएक्स ट्रेड लिमिटेड और उससे जुड़ी अन्य कंपनियों के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग के तहत जांच शुरू और 170 करोड़ रुपये फ्रीज किए। इसके अलावा 90 लाख रुपये नकदी में बरामद किए हैं। कंपनियों के निदेशकों में राजेंद्र सूद, विनीत कुमार और संतोष कुमार के अलावा एक मास्टरमाइंड नवाब अली उर्फ लविश चौधरी का नाम शामिल है। ईडी की टीम ने 11 फरवरी को दिल्ली, उत्तर प्रदेश के नोएडा और शामली और हरियाणा के रोहतक में विभिन्न परिसरों पर छापे मारे। इस दौरान ईडी ने 30 से ज्यादा बैंक खातों में जमा 170 करोड़ रुपये फ्रीज कर दिए। हिमाचल प्रदेश पुलिस ने क्यूएफएक्स ट्रेड लिमिटेड के खिलाफ कई शिकायतें दर्ज होने के बाद ईडी ने इस घोटाले की जांच शुरू की थी। प्रवर्तन निदेशालय ने कहा, ‘ईडी चंडीगढ़ जोनल कार्यालय ने 11 फरवरी को पीएमएलए, 2002 के तहत दिल्ली, नोएडा, रोहतक और शामली (यूपी) में विभिन्न स्थानों पर क्यूएफएक्स ट्रेड लिमिटेड और अन्य के मामले में तलाशी अभियान चलाया। तलाशी अभियान के दौरान 90 लाख रुपये से अधिक की नकदी, विभिन्न आपत्तिजनक दस्तावेज, डिजिटल डिवाइस बरामद और जब्त किए गए, इन फर्जी कंपनियों के 30 से अधिक बैंक खातों में जमा 170 करोड़ रुपये की चल संपत्ति जब्त की गई।’






