म्यांमार से भारत लाए गए 261 लोगों में 18 उत्तराखंड के रहने वाले हैं। इनमें 14 कुमाऊं और चार गढ़वाल क्षेत्र के हैं। हालांकि, सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए अभी इनकी पहचान उजागर नहीं की गई है। साइबर अपराधियों के जाल में फंसे ऐसे बहुत से युवाओं को अब तक भारत लाया जा चुका है। पिछले साल रायवाला के एक युवक को भी इसी तरह विदेश में ले जाया गया था। वहां पर उससे साइबर ठगी करने वाले कॉल सेंटर में काम कराया गया। सूत्रों के मुताबिक उत्तराखंड पुलिस केंद्रीय एजेंसियों के संपर्क में है। जल्द ही स्थानीय निवासियों को उत्तराखंड लाया जाएगा। इसके बाद ही इनकी पहचान उजागर हो सकती है।






