Tuesday, May 26, 2026
Home उत्तराखण्ड सुरेंद्र हत्याकांड दोस्त ने ईंट से मार डाला एक रात के लिए...

सुरेंद्र हत्याकांड दोस्त ने ईंट से मार डाला एक रात के लिए पत्नियों की अदला-बदली का दबाव डाल रहा था सुरेंद्र

0
8

देहरादून सचिवालय में तैनात सफाई कर्मी ने वाइफ स्वैपिंग के लिए दबाव डाल रहे दोस्त की हत्या कर दी। पत्नी के संबंध में अक्सर अश्लील टिप्पणी से आहत होकर भी आरोपी ने यह कदम उठाया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करते हुए सुरेंद्र की हत्या का खुलासा कर दिया है। एएसपी सिटी डॉ. कृष्ण गोपाल सिंह ने बताया कि 21 दिसंबर की शाम हरिद्वार काशीपुर नेशनल हाईवे के नजीबाबाद बाईपास के पास एक शव पड़ा मिला, जिसकी शिनाख्त सुरेंद्र सिंह निवासी गांव हरचंदपुर थाना नांगल के रूप में हुई। सुरेंद्र कई साल से देहरादून में रहता था। सोमवार सुबह सुरेंद्र बाइक से अपने गांव हरचंदपुर आया। सुरेंद्र के हरचंदपुर आने की जानकारी उसके दोस्त संदीप निवासी नालापानी रोड थाना डालनवाला देहरादून को थी। तय योजना के तहत संदीप बस में सवार होकर पहले रुड़की, फिर हरिद्वार और इसके बाद मंडावली पहुंचा, मंडावली में उसे सुरेंद्र मिला। इसके बाद दोनों नजीबाबाद पहुंच गए।

नजीबाबाद में बाईपास पर सुनारोवाली के पास दोनों ने शराब पी। फिर संदीप ने ईंट से वार करते हुए सुरेंद्र की हत्या कर दी। हत्या करने के बाद अपनी जैकेट डालकर शव को जलाने का भी प्रयास किया था। मगर उधर से गश्त करते हुए दो सिपाही पहुंचे तो आरोपी भाग निकला। पकड़ा गया आरोपी संदीप देहरादून के सचिवालय में आउटसोर्सिंग के माध्यम से सफाईकर्मी के पद पर तैनात है। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने पूछताछ में बताया कि सुरेंद्र उसका पुराना दोस्त था, जिससे उसने 80 हजार रुपये भी ले रखे थे। उधर सुरेंद्र अक्सर उसकी पत्नी के संबंध में अश्लील टिप्पणी करता था। पत्नी को उसके पास भेजने के लिए दबाव डालता था। कहता था कि दोनों एक रात के लिए अपनी-अपनी पत्नी बदल लेंगे। सुरेंद्र आपराधिक प्रवृत्ति का भी रहा है, जिसके कारण उसकी अनैतिक डिमांड का खुलकर विरोध नहीं करता पाता था। आखिरकार संदीप ने अपने दोस्त सुरेंद्र की हत्या की योजना बना ली थी।

लोकेशन से बचने को रुड़की में रखा फोन
संदीप ने क्राइम पेट्रोल देखकर हत्या के ऐसे तमाम तरीकों को बारे में सोचा, जिससे पुलिस की पकड़ में नहीं आने पाए। इसी के चलते वह रविवार को सुरेंद्र के साथ नजीबाबाद नहीं आया। वह बस से सीधे रुड़की पहुंचा, जहां उसने अपने भाई की दुकान से एक सफेद जैकेट खरीदी। इसके साथ ही अपना फोन रुड़की में रख दिया था, ताकि लोकेशन रुड़की में ही बनी रहे।

सीसीटीवी से बचने को किया हुडी का प्रयोग
संदीप ने फोन को रुड़की में रखकर लोकेशन से बचने का तरीका खोज लिया था। इसके बाद सीसीटीवी फुटेज मे चेहरा छिपाए रखने के लिए उसने सफेद हुडी जैकेट खरीदी। हालांकि हत्या के बाद उसकी उक्त जैकेट घटनास्थल पर ही छूट गई थी। जिसमें हरिद्वार से मंडावली तक का बस का टिकट भी मिला था। जिसके बाद पुलिस ने मंडावली और हरिद्वार में सीसीटीवी फुटेज खंगाली। दोनों ही जगहों पर उक्त हुडी जैकेट पहने हुए आरोपी नजर आया। पुलिस आरोपी तक पहुंच ही गई।

टीम में ये रहे शामिल
हत्यारोपी को पकड़ने वाली टीम में सीओ नितेश प्रताप सिंह, प्रभारी निरीक्षक राहुल सिंह, प्रभारी सर्विलांस सुनील कुमार, एसआई समयपाल सिंह, एसआई सौरभ सिंह आदि शामिल रहे।